जितेंद्र बघेल, एडमिशन काउंसलर, प्रमाण इंस्टिट्यूट
बालाघाट मध्य प्रदेश में इंदौर से सबसे दूर ज़िलों में से एक है: सड़क से लगभग 560 किमी। सीधी ट्रेन नहीं है। ज़्यादातर परिवार लगभग 40 किमी दूर गोंदिया स्टेशन जाकर वहाँ से रात की ट्रेन लेते हैं। कुछ ट्रेनें लगभग 13.5 घंटे में इंदौर पहुँचती हैं; कुछ उज्जैन तक जाती हैं, जो इंदौर से लगभग एक घंटा पहले है। यह पेज बालाघाट, वारासिवनी, कटंगी, बैहर या लांजी के उन परिवारों के लिए है जो तय कर चुके हैं कि बच्चा JEE या NEET कोचिंग के लिए बाहर जाएगा, और अब तुलना कर रहे हैं कि कहाँ।
नक्शे से ज़्यादा मायने रखता है घर छोड़ना
15 या 17 साल की उम्र में घर छोड़ने वाला बच्चा एक साथ शिक्षक भी चुनता है और जीने का तरीका भी। संस्थान कैसे चलता है (हाज़िरी कौन देखता है, नंबर गिरने पर फ़ोन कौन करता है, छात्र किससे बात कर सकता है), यह उस साल को नक्शे की किसी भी दूरी से ज़्यादा तय करता है। एक रात के सफ़र जितनी दूरी पर बैठे परिवार के लिए सही सवाल यह है कि बच्चे का ध्यान कितने अच्छे से रखा जाएगा, और आपको उसकी प्रगति कितनी साफ़ पता चलेगी।
बालाघाट के कुछ परिवार कोटा की जगह इंदौर क्यों चुनते हैं
बालाघाट के कई परिवार पहले कोटा की सोचते हैं, और वहाँ अच्छे संस्थान हैं। इंदौर में बच्चे को मध्य प्रदेश छोड़े बिना अनुभवी JEE और NEET पढ़ाई मिलती है: वही भाषा, जाना-पहचाना खाना, और बड़ा, सुरक्षित व अच्छी तरह चलने वाला शहर। अकेले रहने वाले छात्र के लिए हॉस्टल, अस्पताल और रोज़ की ज़रूरतें पास में हैं। पूरी तुलना हमारी कोटा या इंदौर गाइड में है।
घर दूर हो तो छोटी बैच क्यों ज़्यादा मायने रखती है
बालाघाट से माता-पिता बार-बार नहीं आ सकते। संस्थान में किसी को ध्यान देना होगा: छूटी क्लास, गिरते टेस्ट के नंबर, या सवाल पूछना बंद कर चुका छात्र। 150 की बैच में यह आसानी से छूट जाता है। प्रमाण में हर बैच में ज़्यादा से ज़्यादा 40 छात्र होते हैं, और हर 20 छात्रों पर एक नामित मेंटर होता है जो हर हफ़्ते हर छात्र से 15 मिनट मिलता है। बालाघाट में माता-पिता को हर पंद्रह दिन में फ़ोन या WhatsApp पर रिपोर्ट मिलती है: चैप्टर की तैयारी, टेस्ट का ट्रेंड, हाज़िरी और मेंटर की टिप्पणी।
हमारी फैकल्टी में IIT ग्रेजुएट और पूर्व Allen व Aakash शिक्षक हैं, जिनका अनुभव 14 से 25 साल का है, और दाखिले के समय जिन शिक्षकों से आप मिलते हैं, वही पूरे साल पढ़ाते हैं।
बच्चा कहाँ रहेगा
संस्थान के पास ऋषिता गर्ल्स हॉस्टल और SK बॉयज़ हॉस्टल हैं (indorehostel.com देखें)। खाने के साथ हॉस्टल लगभग ₹6,500 से ₹15,000 महीना और PG लगभग ₹4,000 से ₹10,000 महीना पड़ता है। हमारे काउंसलर बैच शुरू होने से पहले हॉस्टल चुनने में मदद करते हैं। खर्च और रहने की पूरी जानकारी हमारी इंदौर शिफ़्ट होने की गाइड में है।
प्रोग्राम और फ़ीस
| प्रोग्राम | फ़ीस | बैच का समय |
|---|---|---|
| दो साल का प्रोग्राम (कक्षा 11–12) | ₹1,00,000 + GST प्रति वर्ष | शाम, स्कूल के बाद |
| ड्रॉपर प्रोग्राम (1 साल) | ₹1,20,000 + GST | सुबह |
| फाउंडेशन (कक्षा 9–10) | ₹60,000 + GST प्रति वर्ष | शाम |
| NEET 90-दिन रिवीज़न प्रोग्राम (11 जनवरी 2027 से) | ₹21,000, सब शामिल; 31 दिसंबर 2026 तक रजिस्टर करने पर ₹15,000 | पूरा दिन |
जो NEET छात्र पूरा साल बाहर रहने की बजाय परीक्षा से पहले एक केंद्रित दौर चाहते हैं, उनके लिए NEET 90-दिन रिवीज़न प्रोग्राम की शुरुआत और अंत की तारीख़ तय है। सभी प्रोग्राम और फ़ीस देखें।
स्कॉलरशिप: बालाघाट से टेस्ट क्यों ज़्यादा मायने रखता है
जिस परिवार को हॉस्टल और घर आने-जाने की लंबी यात्राओं का खर्च उठाना है, उसके लिए स्कॉलरशिप टेस्ट और भी ज़रूरी है। मुफ़्त ऑनलाइन प्रशस्त स्कॉलरशिप टेस्ट 31 अक्टूबर से 30 नवंबर 2026 तक बालाघाट में घर से दिया जा सकता है। इसमें 25%, 50%, 75% या 100% ट्यूशन स्कॉलरशिप मिलती है, और मापदंड पूरे करने वाले टॉप 10 को मुफ़्त हॉस्टल और खाना भी। स्कॉलरशिप इंदौर में इंटरव्यू के बाद पक्की होती है।
शुरुआत कैसे करें
- घर से प्रशस्त टेस्ट दें।
- गोंदिया होकर एक बार इंदौर आएँ: एक ही दिन में क्लासरूम देखें, शिक्षकों से मिलें और हॉस्टल देखें। टिकट बुक करने से पहले IRCTC पर ट्रेन के चलने के दिन जाँच लें।
- बैच शुरू होने से पहले हॉस्टल बुक करें।
अभी आ नहीं सकते? पहले फ़ोन या वीडियो कॉल पर मुफ़्त काउंसलिंग सेशन बुक करें।
गीता भवन चौराहे तक पहुँचने का रास्ता: इंदौर में आपके पास JEE और NEET कोचिंग।
संपर्क: +91 91091 04431 / +91 91091 04432 · pramanainstitute.office@gmail.com · दूसरी मंज़िल, Victory Chamber, 4A-रतलाम कोठी, AB रोड (गीता भवन चौराहा), इंदौर 452001।
